केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ग्रीन हाइड्रोजन से चलने वाली कार से आज संसद पहुंचे। इस कार का नाम मिराई है, यानी "भविष्य"..! केंद्रीय मंत्री ने कहा कि पेट्रोल-डीजल और गैस के दाम लगातार बढ़ रहे हैं। भारत पेट्रोल और डीजल का आयात करता है और इससे बहुत अधिक प्रदूषण भी फैलता है।

गडकरी ने कहा, प्रधानमंत्री के आत्मनिर्भर भारत के सपने को पूरा करने के लिए हमें तेल में भी आत्मनिर्भर बनना होगा। यह कार जल्द ही भारत में आने वाली है। इससे देश में एक बड़ी क्रांति होगी। इस कार के आने से आयात कम होगा और आत्मनिर्भर भारत का हमारा सपना जरूर पूरा होगा। आत्मनिर्भर बनने के लिए हम ग्रीन हाइड्रोजन का परिचय देते हैं, जो पानी से उत्पन्न होता है। यह एक कार पायलट प्रोजेक्ट है। अब देश ग्रीन हाइड्रोजन का उत्पादन शुरू करेगा। इससे आयात पर नियंत्रण होगा और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।

गडकरी ने आगे कहा कि, भारत सरकार ने 3000 करोड़ रुपये का मिशन शुरू किया है। जिससे हम हाइड्रोजन के निर्यातक बन जाएंगे। जहां कहीं भी कोयले का इस्तेमाल होगा, वहां भी ग्रीन हाइड्रोजन का इस्तेमाल किया जाएगा।

भारत को आत्मनिर्भर बनाने का लक्ष्य :

केंद्रीय मंत्री गडकरी ने 16 मार्च को नई दिल्ली में दुनिया के सबसे उन्नत तकनीक से विकसित ग्रीन हाइड्रोजन ईंधन सेल इलेक्ट्रिक वाहन टोयोटा मिराई का शुभारंभ किया। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी, आरके सिंह, महेंद्रनाथ पांडे, टोयोटा किर्लोस्कर मोटर लिमिटेड के एमडी मसाकाजू योशिमुरा, टीकेएम लिमिटेड के वीसी विक्रम किर्लोस्कर और अधिकारी मौजूद थे। केंद्रीय मंत्री के अनुसार, यह पेट्रोल-डीजल पर निर्भरता को कम करेगा, साथ ही स्वच्छ ऊर्जा और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देगा। इस तरह यह 2047 तक भारत को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा।