भोपाल: मध्य प्रदेश के कटनी में एक बड़ी खबर सामने आई है। यहां पर वन्य जीवों के सामूहिक रूप से मौत का मामला चर्चा का विषय बन गया है। कटनी के विजयराघवगढ़ वन्य क्षेत्र के एक-दो नहीं बल्कि 14 वन्यजीव एकसाथ मृत पाए गए हैं। जिसमें 12 चीतल और 2 सांभर हैं। जानकारी मिलने के बाद वन विभाग तुरंत अलर्ट मोड पर आया और कार्रवाई करते हुए मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही बाकी वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए गार्ड तैनात किया गया है।
मृत मिले 14 वन्यजीव
घटना कटनी के विजयराघवगढ़ क्षेत्र के घुघरी-कांटी गांव के पास स्थित जंगल की है। जहां गुरुवार सुबह गश्त के दौरान वन विभाग की टीम को तालाब के आसपास करीब 100 मीटर के दायरे में 12 चीतल और 2 सांभर मृत अवस्था में मिले। इसके बाद मौके पर डॉग स्क्वॉड और वन अमले ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया। जांच के दौरान डॉग स्क्वॉड घुघरी गांव में एक संदिग्ध के घर तक पहुंचा, जहां तलाशी में ताजा खून के निशान, वन्य जीवों के बाल, मांस, शिकार में इस्तेमाल होने वाले फंदे और अन्य उपकरण बरामद किए गए।आरोपियों ने प्रारंभिक पूछताछ में तालाब के पानी में जहर मिलाने की बात स्वीकार की है। आशंका है कि जहरीला पानी पीने से ही वन्यजीवों की मौत हुई होगी। सभी मृत चीतल और सांभर का पोस्टमार्टम कर अंतिम संस्कार कराया गया है, जबकि तालाब के पानी के नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। रिपोर्ट आने के बाद मौत के सटीक कारणों की पुष्टि होगी।
वन्यजीवों के मुंह से निकल रहा था झाग
डीएफओ गर्वित गंगवार ने बताया कि " यह घटना गुरुवार सुबह की है। जहां ये 14 वन्यजीव मृत पाए गए थे। जब टीम मौके पर पहुंच तो पाया कि वन्यजीवों के मुंह से झाग निकल रहा था और वाटर बॉडी का पानी देखने पर भी ऐसा लग रहा था, जैसे उसके साथ कोई छेड़खानी की गई हो। जिसके बाद डॉग स्क्वाड टीम को बुलाया गया। जहां जांच के दौरान डॉग आरोपी के घर पहुंचा। वहां तलाशी में कई चीजें जब्त की है। पुलिस ने मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है।