भोपाल: प्रदेश में पिछले सात सालों में 55 इंजीनियरिंग कॉलेज बंद हो गये हैं। ऐसा इन कॉलेजों को एडमिशन के लिये विद्यार्थी न मिलने के कारण हुआ है।

राज्य के तकनीकी शिक्षा विभाग से प्राप्त अधिकृत जानकारी के अनुसार, वर्ष 2015 के बाद से 17 इंजीनियरिंग कॉलेज भी काउन्सिलिंग से बाहर होकर निजी विश्वविद्यालयों के अधीन हो गये हैं। वर्तमान में राज्य में 126 इंजीनियरिंग कॉलेज ही संचालित हो रहे हैं जिनमें 21 हजार 713 सीटें विद्यार्थियों द्वारा एडमिशन न लिये जाने से रिक्त पड़ी हुई हैं और मात्र 25 हजार 627 सीटें ही भरी हुई हैं।