ED Raid: राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, तेलंगाना और मिज़ोरम में अगले महीने यानी नवंबर में विधानसभा चुनाव होने हैं. इन पांचों राज्यों की चुनावी तारीखों का ऐलान भी हो गया है. तारीखों के ऐलान के बाद चुनावी राज्य राजस्थान में ईडी ने छापामार कार्रवाई की है. जिस पर अब सियासत शुरू हो गई है.
दरअसल, प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बेटे वैभव गहलोत को ईडी कार्यालय में पेश होने का समन जारी किया है. तो वहीं दूसरी तरफ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के जयपुर स्थित आवास पर छापेमारी की है.
ईडी ने वैभव गहलोत को विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम में कथित अनियमितताओं के मामले में पूछताछ के लिए 27 अक्टूबर को तलब किया गया है. वहीं, गोविंद सिंह के यहां छापेमारी पेपर लीक मामले में हो रही है. ख़बरों के मुताबिक, जयपुर के साथ-साथ यह छापेमारी सीकर में भी जारी है.
ईडी के एक्शन पर भड़के सीएम गहलोत-
अब बेटे को ईडी का समन मिलने पर राजस्थान सीएम अशोक गहलोत भड़क गए. उन्होंने कहा, इन्होंने पूरे देश में आतंक मचा रखा है. छत्तीसगढ़ में तो लोगों ने फैमिली शिफ्ट कर दी हैं. हमने कल दो गारंटी की घोषणा की. यह चाहते नहीं हैं हम महिलाओं, पिछड़ों के लिए कुछ करें.
सीएम गहलोत ने बताया कि गोविंद सिंह डोटासरा को कोई नोटिस नहीं दिया गया. क्या डोटासरा के यहां छापा मायने रखता है. वह किसान के बेटे हैं उस व्यक्ति ने हमेशा किसानों और गरीबों की आवाज उठाई है. इसलिए इस मामले में उनके यहां रेड की गई है.
बेटे को नोटिस मिलने पर सीएम गहलोत बोले, वैभव को कल नोटिस मिला और कहा कि एक दिन में आकर हाजिर हो जाओ. ये कोई मजाक चल रहा है. बीजेपी के राज में ईडी की ऐसी हालत खराब हो जाएगी, वह टिड्डी की तरह ईडी का प्रयोग कर रहे हैं.
सीएम गहलोत ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा, ऊपर वालों के दबाव के बिना न ईडी आ सकती हैं न इनकम टैक्स और न सीबीआई. हमने संजीवनी घोटाले में छह बार निवेदन किया, एसओजी ने रिक्वेस्ट की, लेकिन परवाह नहीं की जा रही. शेखावत साहब और उनके रिश्तेदारों का यूटोपिया और ऑस्ट्रेलिया में इन्वेस्टमेंट हैं.
सीएम गहलोत ने कहा, मोदी और अमित शाह मुझे टारगेट कर रहे हैं क्योंकि यहां सरकार गिरा नहीं पा रहे हैं. पांच राज्यों में इन्होंने सरकार तोड़ी हैं. आज इन्होंने कांग्रेस के राजस्थान अध्यक्ष पर रेड की है पर हम डरने वाले नहीं हैं. इससे पहले डीके शिवकुमार पर हमले हुए और कर्नाटक में से बीजेपी गायब हो गई.
क्या है पूरा मामला-
ईडी ने शिकायत में आरोप लगाया गया है कि वैभव गहलोत की टैक्सी कंपनी ने साल 2011 में होटल के 2500 शेयर खरीदकर मॉरीशस स्थित फर्म से ट्राइटन होटल्स को फंड डायवर्ट किया गया था. उस समय शेयर 39,900 रुपये प्रति शेयर के हिसाब से खरीदे गए थे. जबकि, उस समय शेयर की कीमत 100 रुपये थी. अब इसी मामले में पूछताछ के लिए उन्हें कल यानी 27 अक्टूबर को बुलाया है.