मध्य प्रदेश के पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने भोपाल या राजगढ़ लोकसभा सीट से चुनाव लड़ने की अफवाहों पर विराम लगा दिया है। दिग्विजय सिंह ने यह कहते हुए लोकसभा चुनाव लड़ने से इनकार कर दिया है कि वह फिलहाल राज्यसभा सदस्य हैं और उनके पास ढाई साल का समय है।

लोकसभा चुनाव को लेकर पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह राजगढ़ जिले के तीन दिवसीय दौरे पर हैं। पहले दिन पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने तीन सत्रों में खिलचीपुर विधानसभा के ब्लॉक, मंडलम, सेक्टर और बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं की बैठक ली। समीक्षा बैठकों के दौरान पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने बयारा और नरसिंहगढ़ विधानसभा क्षेत्रों में संगठनात्मक बैठकें कर कार्यकर्ताओं की राय जानी।

बैठक की शुरुआत में खिलचीपुर विधानसभा सीट से प्रत्याशी रहे पूर्व मंत्री प्रियव्रत सिंह ने कहा कि पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह कार्यकर्ताओं की सारी बातें सुनने आए हैं, उनके जो भी सुझाव हैं उन्हें रखने और बताने आए हैं। किन कारणों से हम विधानसभा चुनाव हारे और कांग्रेस कैसे संगठन को मजबूत करेगी। बैठक के दौरान खिलचीपुर नगर अध्यक्ष संजय कौशिक ने बैलेट पेपर से निष्पक्ष चुनाव की वकालत की और कहा कि ईवीएम पर रोक के लिए सड़क पर आंदोलन होना चाहिए।

आपको बता दें, कि पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह 2019 का लोकसभा चुनाव 3 लाख से ज्यादा वोटों से हार गए। 2019 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी उम्मीदवार प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने कांग्रेस उम्मीदवार पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह को हराया था।

इस चुनाव में बीजेपी प्रत्याशी प्रज्ञा सिंह ठाकुर को 8 लाख 66 हजार 482 वोट मिले, जबकि कांग्रेस के दिग्विजय सिंह को 5 लाख 1 हजार 660 वोट मिले. जबकि बसपा को 11 हजार 277 वोट मिले. इस तरह बीजेपी प्रत्याशी प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने 3 लाख 64 हजार 822 वोटों से यह चुनाव जीत लिया। बीजेपी को 61.54 फीसदी और कांग्रेस को 35.63 फीसदी वोट मिले थे।