IMA के प्रदेश सचिव व जबलपुर अध्यक्ष डॉ. अमरेंद्र पांडेय ने बताया कि उन्होंने डॉ. राकेश पठान को एक साल पहले एसोसिएशन का क्षेत्रीय अध्यक्ष बनाया गया था। यहां उनका सम्मान किया गया। इसी बीच अचानक इंदौर-ग्वालियर के कुछ डॉक्टरों ने IMA का मुख्यालय इंदौर या ग्वालियर शिफ्ट करने की मांग को लेकर हंगामा किया। जब मैंने हंगामा किया तो वह मंच पर आ गए। उन्होंने मेरे साथ दुर्व्यवहार किया। मैंने सिर्फ अपना बचाव किया।
डॉ पांडे ने कहा कि सिर्फ इंदौर और ग्वालियर के डॉक्टरों ने ही इस वीडियो को वायरल किया है। डॉ. सुनील अग्रवाल एवं जीवाजी मेडिकल कॉलेज के शल्य चिकित्सा विभाग में पदस्थापित हैं। उन्होंने आगे कहा कि ग्वालियर और इंदौर के डॉक्टरों ने जिस प्रकार अपने साथियों पर हमला किया उनका ये रवैया डॉक्टर जगत के लिए शर्मनाक है।
जानकारी के मुताबिक बैठक के उद्घाटन के मौके पर जबलपुर IMA अध्यक्ष डॉ. अमरेंद्र पांडेय स्वागत भाषण दे रहे थे। भाषण लंबा होने पर भोपाल, उज्जैन, इंदौर और ग्वालियर के डॉक्टरों ने विरोध किया। डॉ. पाण्डेय को भी मंच से उत्तर दिया। इस दौरान ग्वालियर IMA के सदस्यों को अभद्र भाषा के इस्तेमाल के चलते निष्कासन कर दिया गया, इसलिए वे भड़क गए। वह मंच पर पहुंचे और डॉ. पांडे से बहस करने लगे। इस दौरान दोनों पक्षों में मारपीट भी हो गई। फिर लात-घूंसों की बरसात होने लगी। इसी दौरान बढ़ते हुए विवाद को देखते हुए IMA जबलपुर के अधिकारियों ने पुलिस बुला ली। हालांकि पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन कोई शिकायत नहीं हुई, वे समझाइश देकर लौट गए।
रविवार को IMA हॉल राइट टाउन में इंडियन मेडिकल एसोसिएशन मध्य प्रदेश की बैठक चल रही थी। जबलपुर के नवनिर्वाचित अध्यक्ष डॉ. आरके पाठक ने इंदौर के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अनिल भाटिया के स्थान पर कार्यभार संभाला। बैठक में जबलपुर के अलावा इंदौर, ग्वालियर, भोपाल, सागर, सतना समेत प्रदेश के अन्य जिलों के डॉक्टर्स पहुंचे थे।
IMA,इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के हितों के लिए स्हैथापित किया गया है। यह भारत के एलोपैथिक डॉक्टरों का एक स्वैच्छिक संगठन है। जो डॉक्टरों के हित के साथ-साथ पूरे समाज के स्वास्थ्य का भी ख्याल रखता है। इसकी स्थापना 1928 में हुई थी। उस समय इसका नाम 'ऑल इंडिया मेडिकल एसोसिएशन' था, जिसे 1930 में बदलकर 'इंडियन मेडिकल एसोसिएशन' कर दिया गया। एसोसिएशन सोसायटी पंजीकरण अधिनियम, 1860 के तहत पंजीकृत है। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन वर्ल्ड मेडिकल एसोसिएशन का संस्थापक सदस्य है। भारत के प्रत्येक राज्य में इसकी एक राज्यवार इकाईयां भी है।