मप्र में मंत्रिमंडल का गठन का फार्मूला आज दिल्ली में निकाला जा रहा है, इसमें कुछ वरिष्ठ विधायकों को मंत्री बनाने पर लगभग सहमति बन गई है। कम से कम तीन सीनियर चेहरे कैबिनेट में नजर आ सकते हैं। वहीं दो बार मंत्री रह चुके चेहरों के बजाए इस बार नये चेहरों को मंत्री बनाना लगभग तय हो गया है। शाम तक मुख्यमंत्री डा मोहन यादव मंत्रीपरिषद के चेहरों की सूची लेकर भोपाल लौट सकते हैं।

जानकार सूत्रों का कहना है कि जिस तरह छत्तीसगढ में कैबिनेट विस्तार का फार्मूला अपनाया गया है, उसी तरह मप्र के लिये भी रास्ता निकाला जा रहा है। छग में ब्रजमोहन अग्रवाल को फिर मंत्री बनाया गया है, वे वहां वरिष्ठ विधायक है और हर भाजपा सरकार में शामिल रहे हैं। इसी तरह मप्र में भी कैलाश
विजयवर्गीय, गोपाल भार्गव, प्रहलाद पटेल जैसे आधा दर्जन पुराने चेहरों में कम से कम तीन को मंत्री बनाया जा सकता है। आज सुबह डा यादव ने इस मामले में भाजपा अध्यक्ष नड्डा और गृहमंत्री अमित शाह से भी चर्चा की है। बताया जा रहा है कि भाजपा के राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री शिवप्रकाश, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा और हितानंद मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर वरिष्ठ नेताओं से भेंट कर रहे हैं।

छग में 9 मंत्रियों ने ली शपथ
छग में भाजपा हाइकमान ने सस्पेंस दूर करते हुए मंत्रिमंडल में शामिल होने वाले सभी 9 विधायकों के नामों को तय किया गया। आज बारह बजे गवर्नर हाउस में मंत्रिमंडल सदस्य के रूप में बृजमोहन अग्रवाल, राम विचार नेताम, दयालदास बघेल, केदार कश्यप, ओपी चौधरी, टंक राम वर्मा, श्याम बिहारी जयसवाल और लक्ष्मी रजवाड़े ने मंत्री पद की शपथ ली। गौरतलब है कि साय की कैबिनेट में 10 सदस्यों को शामिल किया जा सकता है। सीएम और दो डिप्टी सीएम पहले से शामिल हैं।