मध्यप्रदेश घने कोहरे के साथ सर्द हवाओं ने डेरा डाल लिया है।  प्रदेश के कई जिलों में घना कोहरा छाया रहा। ग्वालियर-अंचल में कोहरे का सबसे ज्यादा असर देखा गया। वहीं 30 दिसंबर से प्रदेश के मौसम में बदलाव के साथ बारिश का दौर शुरू हो जाएगा।

ग्वालियर, दतिया और भिंड जिले में घना कोहरा दिखाई दिया। अशोकनगर, मुरैना, रीवा, सतना, पन्ना, छतरपुर और निवाड़ी जिलों में मध्यम कोहरा छाया रहा। भोपाल, इंदौर, जबलपुर, उज्जैन में भी धुंध रही। कोहरे के चलते दिल्ली से आने वाली अधिकाँश ट्रेन लेट चल रही हैं।

प्रदेश में 29 दिसंबर से वेस्टर्न डिस्टरबेंस एक्टिव हो जाएगा। इस वजह से 30 दिसंबर से 4 जनवरी तक बारिश के साथ ओले गिरने के आसार हैं। ग्वालियर, चंबल, उज्जैन, भोपाल, सागर और रीवा संभाग में ओलावृष्टि और बारिश की संभावना है। इंदौर, नर्मदापुरम, जबलपुर, शहडोल में बूंदाबांदी हो सकती है।

इधर मंगलवार रात पचमढ़ी में न्यूनतम तापमान 7.8 डिग्री दर्ज किया गया। इसके बाद छतरपुर का नौगांव सबसे ठंडा रहा, यहां न्यूनतम तापमान 8.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बालाघाट के मलाजखंड का तापमान 9.2 डिग्री और टीकमगढ़ में 9.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।