जम्मू-कश्मीर के राजौरी में आतंकियों के साथ मुठभेड़ में बुधवार को आगरा निवासी कैप्टन शुभम गुप्ता भी शहीद हो गए थे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कैप्टन शुभम गुप्ता को श्रद्धांजलि अर्पित देते हुए उनके परिजनों को 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने की घोषणा की है।
शहीद के परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने तथा जनपद की एक सड़क का नामकरण शहीद शुभम गुप्ता के नाम पर करने की भी मुख्यमंत्री ने घोषणा की है। शुभम वर्ष 2015 में सेना में भर्ती हुए थे। वर्ष 2018 में उन्हें कमीशन मिला था। शुभम की पहली पोस्टिंग ऊधमपुर में हुई थी।
इधर बीते 28 घंटे से जारी मुठभेड़ में सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी मिली है। गुरुवार को सुरक्षाबलों ने दो आतंकियों को मार गिराया है। वहीं मुठभेड़ में एक और जवान शहीद हो गया है। अब तक इस एनकाउंटर में पांच जवान शहीद हो चुके हैं।
राजौरी के कालाकोट में जिन दो आतंकियों को आज मार गिराया गया उसमें एक आतंकी का नाम कारी है। कारी लश्कर-ए-तैयबा का टॉप कमांडर था और पिछले एक साल से अपने ग्रुप के साथ राजौरी-पुंछ में एक्टिव था। उसे डांगरी और कंडी हमलों का मास्टरमाइंड भी माना जाता है।
बताया जा रहा है कि कारी को जम्मू में आतंकवाद को दोबारा फैलाने के लिए भेजा गया था। वह IED में स्पेशलिस्ट था और गुफाओं से छिपकर काम करने वाला ट्रेंड स्नाइपर भी रहा था। कारी के पाकिस्तानी नागरिक होने की बात भी सामने आई है।