मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार मध्यप्रदेश के दौरे पर हैं। अपने दौरे के दूसरे दिन मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार,  निर्वाचन आयुक्त अनूप चंद्र पांडेय एवं अरुण गोयल द्वारा आज मध्यप्रदेश के प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र के न्यूनतम मतदान प्रतिशत वाले 50 मतदान केंद्रों पर चलाए जाने वाले विशेष जागरुकता अभियान ‘मिशन 50@230’ का शुभारंभ किया।

कुशाभाऊ ठाकरे सभागार,भोपाल में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी मध्यप्रदेश श्री अनुपम राजन सहित भारत निर्वाचन आयोग के सभी पदाधिकारी उपस्थित थे। इस मौके पर मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार और उनकी टीम ने मतदाता जागरुकता प्रदर्शनी का भी शुभारंभ भी किया।

अपने दौरे के दूसरे दिन सीईसी राजीव कुमार और ईसी अनुप चंद्र पांडे और अरुण गोयल ने भोपाल में डीईओ और एसपी के साथ मध्यप्रदेश में आगामी विधानसभा चुनावों के लिए चुनाव तैयारियों की समीक्षा की। मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार की अध्यक्षता में केंद्रीय चुनाव दल 3 दिवसीय दौरे पर सोमवार 4 सितम्बर को भोपाल पहुंचा है। केंद्रीय चुनाव दल 4 सितंबर से 6 सितंबर तक राज्य में रहेगा और राज्य में चुनावी तैयारियों पर नजर रखेगा।

इस दौरान चुनाव दल राज्य में आगामी चुनाव के दिशा-निर्देशों के अनुसार शांतिपूर्ण चुनाव के लिए कानून व्यवस्था की समीक्षा करेगा।इसके अलावा केंद्रीय चुनाव टीम विभिन्न स्थानों का दौरा करेगी और कार्यक्रमों में हिस्सा लेगी। इस संबंध में चुनाव आयोग की टीम 5 सितंबर  मंगलवार को भोपाल के मिंटो हॉल में पहली बैठक कर रही है।

इस दौरान भोपाल-इंदौर के सभी कलेक्टर, पुलिस कमिश्नर और सभी जिलों के एसपी और आईजी जिलों में चुनाव तैयारियों, कानून-व्यवस्था, मतदाता सूची और अन्य विषयों पर चर्चा होगी। 6 सितंबर को मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैस डीजीपी सुधीर कुमार के अलावा अपर मुख्य सचिव गृह राजेश राजौरा और सामान्य प्रशासन के साथ बैठक करेंगे।

चुनाव आयोग की टीम बीजेपी-कांग्रेस के अलावा अन्य मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से चर्चा करेगी। इस बीच मतदाता सूची, मतदान केंद्र समेत अन्य विषयों पर सुझाव लेने और उनकी शिकायतों का निवारण करने का प्रयास किया जायेगा। 11 सितंबर को मतदाता सूची पुनरीक्षण के लिए आवेदन लेने का काम पूरा हो जाएगा। मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन 4 अक्टूबर को है। माना जा रहा है कि 4 अक्टूबर के बाद कभी भी राज्य में विधानसभा चुनाव के लिए आदर्श आचार संहिता लागू हो सकती है।