बारिश का मौसम होने के बाद भी इन दिनों भीषण गर्मी पड़ रही है। यहां तक कि अगस्त का पूरा महीना ही बिना बारिश के बीत गया। हम सभी भगवान से प्रार्थना करें कि बारिश कर दें। मैं रात भर परेशान रहा क्योंकि पूरा अगस्त का महीना सूखा गया।
यह बात प्रदेश के मुखिया सीएम शिवराज सिंह चौहान ने भी बारिश न होने पर अपनी चिंता ज़ाहिर करते हुए कही। भोपाल में आयोजित एक कार्यक्रम में सीएम शिवराज ने कहा कि सूखे के कारण बांध भी पूरे नहीं भरे और बिजली की डिमांड भी एकदम बढ़ी, क्योंकि फसलें अगर बचाना है तो पानी देना जरूरी है। आज तक कभी ऐसी डिमांड नहीं आयी।
सीएम शिवराज ने आश्वस्त किया कि हम अपनी तरफ से भरसक कोशिश कर रहे हैं कि चीजे ठीक रहें, लेकिन यह संकट की स्थिति है। 50 साल में सूखे का ऐसा संकट कभी नहीं आया। अभी भादौ चल रहा है। मैं भी भगवान से प्रार्थना करूंगा, आप भी प्रार्थना करें कि एक बार बारिश जरूर हो जाए। ताकि हम फसलें बचा सकें और बाकी व्यवस्थाएं भी ठीक चलती रहें।
इधर मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक़ तीन सितंबर को उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर हवा के ऊपरी हिस्से में एक चक्रवात बनने जा रहा है। इस मौसम प्रणाली के अगले दिन तक कम दबाव के क्षेत्र में तब्दील होने की संभावना है। इसके प्रभाव से पूर्वी मध्य प्रदेश और आसपास के पश्चिमी मध्य प्रदेश के जिलों में 4 सितंबर से बारिश शुरू हो सकती है। रुक-रुक कर बारिश का सिलसिला चार से पांच दिनों तक जारी रह सकता है।