हाल ही में मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने बजरंग दल को लेकर बयान दिया था। उनका कहना था कि अगर राज्य में कांग्रेस की सरकार बनी तो बजरंग दल पर प्रतिबंध नहीं लगाया जाएगा। उनका कहना है कि बजरंग दल में अच्छे लोग हो सकते हैं। लेकिन दंगा करने वाले गुंडा तत्वों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने ये बात बुधवार को एक प्रेस कांफ्रेंस में कही।
अब इस लेकर प्रदेश के गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा का बयान सामने आया है। उनका कहना है, कि राष्ट्र भक्तों के संगठन बजरंग दल पर मध्यप्रदेश में प्रतिबंध लगाना तो दूर की बात है, कोई इस विषय में सोच भी नहीं सकता। गृहमंत्री ने मई महीनें में उनके द्वारा जारी किए हुए एक पत्र और अपने बयान का हवाला देते हुए कहा, कि मैंने पहले भी कहा था प्रतिबंध लगाना तो दूर इस बारे में कोई सोच भी नहीं सकता।
उन्होंने आगे कहा किसी की आई फ्लू दूर हो रहा है। धीरे-धीरे उसे अच्छे लोग नज़र आ रहे हैं राष्ट्रवादी संगठन में। थोड़े दिनों में ये आई फ्लू का जाला पूरा हट जाएगा तो उन्हें पूरा समझ में आ जाएगा। बजरंग दल राष्ट्रभक्तों का ही संगठन हैं। जो अभी कुछ-कुछ पर आए हैं, वो पूरे पर आएंगे।
आपको बता दें, मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले हिंदुत्व की बहस जोर पकड़ रही है। कांग्रेस नेता पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय कहा कि हिंदुत्व शब्द सावरकर द्वारा गढ़ा गया था, कोई नरम या कठोर हिंदुत्व नहीं है। इसका सनातन धर्म से कोई लेना-देना नहीं है।
उन्होंने यह भी कहा कि संविधान की शपथ लेकर हिंदुत्व की बात करने वालों को पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। दिग्विजय सिंह ने कमल नाथ के हिंदू राष्ट्र वाले बयान का भी बचाव किया। उन्होंने कहा कि उनके बयान को गलत तरीके से पेश किया गया है।
प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष कमल नाथ ने कहा कि देश का 80 फीसदी हिस्सा हिंदू है, इसलिए यह हिंदू राष्ट्र है। उस पर दिग्विजय सिंह ने कहा कि क्या हिंदुओं की संख्या गिनना गलत है। दिग्विजय ने यह भी कहा कि कुछ लोग मेरे और कमल नाथ जी के बीच विवाद पैदा करना चाहते हैं, लेकिन हम चार दशकों से साथ काम कर रहे हैं और कोई भी विरोध सफल नहीं हुआ।