भोपाल: राज्य विधानसभा में विधायकों के जिन सवालों के जवाब अभी तक विभागों ने नहीं भेजे हैं, वे अब व्यपगत यानि निरस्त हो जायेंगे। इसके लिये स्पीकर गिरीश गौतम ने अपने स्थाई आदेश में संशोधन कर दिया है।
संशोधन में कहा गया है कि विधानसभा के किसी कार्यकाल के समस्त सत्रों की बैठकों हेतु प्राप्त प्रश्नों की वे सूचनायें, जो स्वीकृत होकर विभागों को उत्तर हेतु भेजी जा चुकी हों, के अपूर्ण उत्तरों के पूर्ण उत्तर, विधानसभा के विघटन के ठीक पूर्व तक प्राप्त नहीं होने पर, विधानसभा के विघटन पर व्यपगत माने जायेंगे।
ज्ञातव्य है कि वर्तमान विधानसभा का कार्यकाल चार माह बाद दिसम्बर माह में खत्म होने जा रहा है तथा इसके विघटन के बाद आम चुनाव के द्वारा नई विधानसभा गठित होगी। स्पीकर के उक्त बदलाव से अब सरकारी विभागों को उन विधायकों के उन सवालों के जवाब नहीं भेजने होंगे जिनका वे उत्तर नहीं दे पाये हैं। ऐसे सवालों की संख्या करीब छह सौ से अधिक है।