मध्यप्रदेश में टीवी फ्रिज बाइक खरीदने के लिए अपने जिगर के टुकड़े का सौदा करने का मामला सामने आया है. माता—पिता ने मिलकर अपने मासूम पुत्र को महज साढ़े 5 लाख रुपए में बेच डाला. इंदौर के हीरा नगर थाना क्षेत्र में यह घटना हुई. पुलिस ने इस मामले में 6 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है. मामले में एक नाबालिग समेत कुल 8 लोगों को आरोपी बनाया गया है. इसमें बच्चा बेचने वाले और खरीदने वाले भी शामिल हैं. टीआई सतीश पटेल ने बताया कि पुलिस ने बच्चा बेचकर खरीदा गया सारा सामान भी जब्त कर लिया है.
अपने ही 15 दिन के पुत्र को साढ़े 5 लाख रुपये में बेचने वाली महिला को इंदौर पुलिस ने सोमवार को गिरफ्तार किया. आरोपी महिला शायना बी ने अपने पति अंतर सिंह की रजामंदी से यह सौदा किया था. वह अंतरसिंह के साथ लिव-इन में रह रही थी. नवजात को देवास के एक दंपति को बेचा गया था. सबको कमीशन बांटने के बाद दंपत्ति को आधी राशि मिली जिसक पैसों से उन्होंने टीवी, बाइक, वॉशिंग मशीन, कूलर और अन्य घरेलू सामान खरीद लिया था.
चौंकाने वाली बात तो यह है कि दंपति ने जन्म से पहले ही अपने होने वाले बच्चे का सौदा कर दिया था. दोनों ने दलालों की मदद से साढ़े पांच लाख रुपये में बच्चा बेचना तय किया था. पुलिस ने बताया कि नवजात बेचने के केस के बारे में सामाजिक कार्यकर्ताओं के माध्यम से जानकारी मिली थी. पुलिस को आरोपी मां शायना बी ने बाद में यह भी बताया कि पेट में पल रहे बच्चे को लेकर उसके पति को शक था. इस कारण पति ने उससे गर्भपात कराने को कहा था पर तब तक काफी देर हो चुकी थी. उसने बच्चे को जन्म दिया और मकान मालकिन से बच्चा बेचने की बात की. इसके बाद दलालों के माध्यम से बच्चे को देवास के दंपति को बेच दिया गया.
बच्चे को खरीदने वाली लीना ने बताया कि उसके जुड़वां बच्चे थे, लेकिन हाल ही में दोनों की मौत हो गई थी. लीना बच्चे के लिए तरस रही थी. इसलिए उसने साढ़े 5 लाख रुपये में बच्चा खरीद लिया और बच्चे को पालने लगी थी. पुलिस ने आरोपी मां शायना बी, पिता अंतर सिंह, पूजा वर्मा, नेहा वर्मा, नीलम वर्मा, नेहा सूर्यवंशी, लीना के साथ एक नाबालिग पर भी केस दर्ज किया है.