भोपाल: राज्य का खनिज विभाग सतना जिले की तहसील मैहर के ग्राम अमिलिया में स्थित 217.512 हैक्टेयर की चूना पत्थर खदान की अब नीलामी करेगा। उसने मेसर्स केजेएस सीमेंट प्रालि के उस आवेदन को निरस्त कर दिया है जिसमें उसने यह चूना पत्थर खदान आवंटित करने की मांग की थी।
उल्लेखनीय है कि उक्त कंपनी का पहले नाम मेसर्स दीवान लाईम कंपनी था जिसका 1 सितम्बर 2009 को नाम बदलकर मेसर्स केजेएस सीमेंट प्रालि कर दिया गया था। मेसर्स दीवान लाईम कंपनी को 1 अक्टूबर 1951 से 30 सितम्बर 2001 अर्थात 70 वर्षों के लिये नॉन कैप्टिव प्रयोजन के लिये ग्राम अमिलिया में चूना पत्थर खदान आवंटित की गई थी लेकिन अनुबंध में नॉन कैप्टिव प्रयोजन लिखा था। कैप्टिव प्रयोजन स्वयं के उद्योग हेतु चूना पत्थर का उपयोग होता है।
खनिज विभाग ने अपने आदेश में लिखा है कि कंपनी को नान कैप्टिव प्रयोजन के लिये पट्टा स्वीकृत किया गया था परन्तु कंपनी ने जानकारी छुपाते हुये माईनिंग प्लान एवं पर्यावरण अनुमति के लिये इसे कैप्टिव बता दिया। गलत जानकारी दर्शकर कोई अनुमति प्राप्त किये जाने से पट्टे का मूल स्वरुप जाकि नॉन कैप्टिव था, परिवर्तन नहीं हो सकता है। इसलिये कंपनी का आवेदन अमान्य कर अब इस चूना पत्थर खदान की नीलामी की जायेगी।