मध्यप्रदेश के सागर जिले में भाई—बहन के असीम स्नेह का अनुपम उदाहरण सामने आया है. यहां बहेरिया थाना क्षेत्र के मझगवां गांव में बहन की मौत से गमगीन भाई ने अपनी बहन की चिता को प्रणाम किया और फिर उसी चिता में जा लेट गया। बुरी तरह झुलसने से उसकी मौत हो गई। बाद में प्यारी बहन की चिता के पास ही भाई का भी अंतिम संस्कार किया गया।
घटनाक्रम के अनुसार गांव की ज्योति उर्फ प्रीति दांगी गुरुवार की शाम एकाएक लापता हो गई थी। दूसरे दिन शुक्रवार को गांव के ही कुएं से ज्योति का शव मिला। पुलिस ने शव को निकाला और इसके बाद अस्पताल में पीएम कराया. इसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया। परिजनों ने गांव पहुंचकर शाम को ज्योति का अंतिम संस्कार कर दिया।
इधर मृतका ज्योति के निधन की जानकारी धार में रहनेवाले उसके बड़े पिता के पुत्र करण सिंह को लगी. वह अपनी चचेरी बहन की मौत से बेहद दुखी हो उठा और धार से बाइक लेकर मझगवां आ गया। करीब 430 किमी की दूरी तय कर वह बाइक से सीधा उस जगह पर जा पहुंचा जहां ज्योति का अंतिम संस्कार किया गया था। ज्योति की चिता में आग अभी धधक रही थी। करण ने प्रणाम किया और सीधा चिता पर ही लेट गया।
जब इस बात की जानकारी आसपास के लोगों को लगी तो उन्होंने परिजनों को इस बात की खबर दी। लोगों ने तुरंत आकर करण को चिता से हटाया लेकिन तब तक वह बुरी तरह झुलस चुका था। उसे उपचार के लिए अस्पताल ले जाया जा रहा था लेकिन उसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। उसका अंतिम संस्कार बहन की चिता के पास ही कर दिया गया.