Dwarka Expressway: केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने द्वारका एक्सप्रेस-वे का निरीक्षण करने के बाद कहा कि परियोजना के 3-4 महीने में पूरा होने की संभावना है. इस द्वारका एक्सप्रेस-वे को दिसंबर से पहले खोल दिया जाएगा. देश में पहले “एलिवेटेड अर्बन एक्सप्रेस-वे” के जरिए दिल्ली-गुरुग्राम के बीच ट्रैफिक का दबाव कम होने से ट्रैफिक की समस्या दूर होगी.
नितिन गडकरी ने बताया कि परियोजना की कुल लागत 9000 करोड़ रुपये है और अब तक काम 75-90 प्रतिशत पूरा हो गया है. कल निरीक्षण के दौरान दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना, केंद्रीय राज्य मंत्री वीके सिंह और राव इंद्रजीत सिंह, सांसद प्रवेश सिंह वर्मा और रमेश बिधूड़ी भी मौजूद थे.
एक्सप्रेस-वे की ये हैं ख़ास बात-
नितिन गडकरी ने ट्विटर के ज़रिये जानकारी देते हुए बताया कि 9000 करोड़ रुपए की लागत से द्वारका एक्सप्रेस-वे यह 29.6 किमी लंबाई का देश का पहला एलिवेटेड 8-लेन एक्सेस कंट्रोल एक्सप्रेस-वे बनाया जा रहा है, जिसका निर्माण अप्रैल 2024 में लगभग पूरा होगा. हरियाणा में 18.9 किमी सिंगल पिलर पर 34 मीटर चौड़ा और दिल्ली में 10.1 किमी लंबाई का यह एक्सप्रेस-वे बन रहा है.
उन्होंने आगे कहा, इस एक्सप्रेस-वे का रोड नेटवर्क चार स्तर का है. टनल, अंडरपास, ग्रेड रोड, एलिवेटेड रोड और फ्लाईओवर के उपर फ्लाईओवर बन रहा है. एक्सप्रेस-वे के दोनो तरफ 3-लेन की सर्विस रोड बनाई जा रही है. इस एक्सप्रेस-वे पर दिल्ली में देश की सबसे चौड़ी 3.6 किमी लंबाई की 8-लेन टनल बनाई जा रही है. इससे हरियाणा और पश्चिम दिल्ली के लोगों की इंदिरा गांधी इंटरनैशनल हवाई अड्डे से कनेक्टिविटी अच्छी होगी.
साथ ही हरियाणा में यह एक्सप्रेस-वे पटौदी रोड (एसएच-26) में हरसरू के पास और फरूखनगर (एसएच-15 ए) में बसई के पास इंटरसेक्ट करेगा. इसके अलावा यह दिल्ली-रेवाड़ी रेललाईन में गुड़गांव सेक्टर-88 (बी) के पास और भरथल में UER-II को भी क्रास करेगा. एक्सप्रेस-वे के गुड़गांव के सेक्टर- 88, 83, 84, 99, 113 से होते हुए द्वारका सेक्टर-21 के साथ ग्लोबल सिटी से जोड़ा जाएगा. इस पूरे एक्सप्रेस-वे में Intelligent Transport System (ITS) सुविधा होगी.
पहला एलिवेटेड अर्बन एक्सप्रेस-वे
द्वारका एक्सप्रेस-वे 29.6 किलोमीटर लंबा देश का पहला एलिवेटेड अर्बन एक्सप्रेस-वे होगा. जिसमें पहला सिंगल पिलर फ्लाईओवर आठ लेन में बना है. इस एक्सप्रेस-वे के पूरा होने से द्वारका से आईजीआई हवाई अड्डे तक लगभग पांच मिनट लगेंगे और गुड़गांव के निवासियों के आवागमन में आसानी होगी.