डायग्नोस्टिक सेंटर की इमारत ढहने से मच गया हाहाकार
मध्यप्रदेश के ग्वालियर शहर में अस्पताल रोड पर सोमवार रात पौने दो बजे बड़ा हादसा हुआ। यहां डायग्नोस्टिक सेंटर की पांच मंजिला इमारत एकाएक ढह गई। घटना में भवन मालिक घायल हो गए हैं। बताया जा रहा है कि भवन के पास में तलघर बन रहा था जिसमें पानी भर जाने से यह घटना हुई। डायग्नोस्टिक सेंटर की इमारत ढहने से पूरे इलाके में हाहाकार मच गया। यहां रात में ही रेस्क्यू अभियान शुरु कर दिया गया। भवन मालिक को बचा लिया गया है।
अस्पताल रोड पर अलंकार होटल के पास डायग्नोस्टिक सेंटर का भवन चंद सेकेंड में ढह गया। बताया जा रहा है कि 5 मंजिला यह भवन महज 5 सेकेंड में धराशायी हो गया। देर रात हुए हादसे के बाद डायग्नोस्टिक सेंटर के मालिक डॉ. नीखरा को रेस्क्यू कर निकाला गया। गंभीर हालत में उन्हें एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जब भवन ढहा तब डॉ. नीखरा भवन में अकेले ही थे। उनकी पत्नी व बच्चे दो दिन पहले ही झांसी चले गए थे। झांसी में डॉ. आलोक नीखरा की ससुराल है। इसलिए परिवार के अन्य सभी लोग भवन की चपेट में आने से बच गए। भवन के धराशायी होने की वजह पास में ही एक भवन का तलघर बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार भवन में तलघर बनाया जा रहा था। तलघर के एरिया में शाम को पानी भर दिया गया था। यहां से रिसाव हुआ जिसकी वजह से पास में बना डायग्नोस्टिक सेंटर का भवन गिर गया।
पुलिस ने बताया कि अलंकार होटल के पास अस्पताल रोड पर डॉ. अलोक नीखरा का 5 मंजिला डायग्नोस्टिक सेंटर है। इस भवन में दो बेसमेंट भी शामिल हैं। डायग्नोस्टिक सेंटर के पास ही नत्थीलाल बसंल का भवन भी बन रहा है जहां भवन
से पहले तलघर का निर्माण कराया जा रहा था। बताया जा रहा है कि सोमवार को शाम को तलघर में गिट्टी आदि डालकर पानी डाल दिया गया था। यहां का पानी पास के डायग्नोस्टिक सेंटर के भवन की नींव में चला गया। रात में जब डॉ. आलोक नीखरा अपने भवन की चौथी मंजिल पर सो रहे थे तब करीब पौने दो बजे अचानक तेज आवाज के साथ भवन ढह गया। डॉ. नीखरा भी जमींदोज हुए भवन में दब गए। सूचना मिलते ही पुलिस व निगम की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गई और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया। घटनाक्रम के मुताबिक काफी मशक्कत के बाद डॉ. नीखरा को मलबे से निकाला जा सका लेकिन उनकी हालत गंभीर थी। उन्हें तुरंत एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। अब पुलिस व निगम मामले की जांच कर रहे हैं।