Heavy Rain Alert: बीते कुछ दिनों से उत्तर भारत में मानसून जमकर कहर बरपा रहा है. हिमाचल प्रदेश से लेकर यूपी, राजस्थान तक भारी बारिश के कारण मकान ध्वस्त होने और बिजली गिरने से अब तक करीब 41 लोगों की मौत हो गई है.

हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले और लाहौल स्पीति में भी भारी नुकसान हुआ है. कई जगहों पर तो खड़ी की खड़ी बिल्डिंग तक बह गई. यहां तक ​​की कारें भी खिलौनों की तरह तैरती नजर आईं.

हरियाणा से लेकर दिल्ली तक अलर्ट-

भारी बारिश के कारण ब्यास नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है. हालात ये हैं कि ब्यास नदी अब खतरे के निशान से काफी करीब बह रही हैं. इसका असर पंजाब तक देखने को मिल रहा है. इतना ही नहीं, यमुना नदी का जलस्तर भी काफी बढ़ गया है. जिसके चलते हरियाणा से लेकर दिल्ली तक अलर्ट है.

राष्ट्रीय राजमार्ग 44 बंद-

भारी बारिश के कारण हरियाणा के 16 जिलों में अलर्ट जारी है. सबसे ज्यादा असर हरियाणा के अंबाला में देखने को मिल रहा है, जहां नेशनल हाईवे 44 यानी जीटी रोड को भी बंद करना पड़ा है. चंडीगढ़ और पंजाब की ओर जाने वाले हाईवे पर ट्रैफिक को अंबाला से पहले डायवर्ट कर दिया गया है. हरियाणा पुलिस ने कुरुक्षेत्र के शाहबाद से ही ट्रैफिक का रूट बदल दिया है. अंबाला में मोहरा गांव से आगे वाहनों को जाने की अनुमति नहीं है.

 

अगले दो-तीन दिन सावधानी बरतने की ज़रूरत-

हाईवे अथॉरिटी ने लोगों से अगले दो तीन दिनों तक हिसार को चंडीगढ़ से जोड़ने वाले नेशनल हाईवे 44 और नेशनल हाईवे 152 पर यात्रा न करने की भी अपील की है. राजमार्ग प्राधिकरण ने कहा, यात्रियों को राष्ट्रीय राजमार्ग 44 पर शाहबाद से अंबाला और राष्ट्रीय राजमार्ग 152 पर अंबाला से कैथल के बीच यात्रा नहीं करनी चाहिए. अगले दो-तीन दिन सावधानी बरतनी जरूरी है.