प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को दिल्ली स्थित हैदराबाद हाउस में इटली की प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी से मुलाकात की. इस दौरान दोनों नेताओं के बीच द्विपक्षीय वार्ता भी हुई, जिसमें आपसी सहयोग व देशों के बीच मजबूत संबंधों पर चर्चा हुई.
इस मौके पर पीएम मोदी ने कहा कि इस साल भारत और इटली अपने द्विपक्षीय संबंधों के 75 साल पूरे होने का जश्न मना रहे हैं. हमने अपने गठबंधन को रणनीतिक साझेदारी के स्तर पर ऊपर उठाने का फैसला किया है, और हम अपनी आर्थिक साझेदारी को मजबूत करने की राह पर भी हैं.
देंखे लाइव-
उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी की पहली भारत यात्रा पर मैं उनका और उनके डेलिगेशन का भारत में हार्दिक स्वागत करता हूं. पिछले वर्ष के चुनाव में इटली के नागरिकों ने जियोर्जिया मेलोनी को प्रथम महिला और सबसे युवा प्रधानमंत्री के रूप में चुना. इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर मैं उन्हें सभी भारतवासियों की तरफ बहुत-बहुत बधाई और शुभकामनाएं देता हूं.
पीएम मोदी बोले, हमने अपने आर्थिक संबंधों को और सुदृढ़ करने पर जोर दिया. हमारे 'Make in India' और 'आत्मनिर्भर भारत अभियान' से भारत में निवेश के अपार अवसर खुल रहे हैं. हमने Renewable Energy, Green Hydrogen, IT, semiconductors, telecom, space जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर विशेष जोर दिया. भारत और इटली के बीच एक Startup Bridge की स्थापना की आज घोषणा हो रही है, जिसका हम स्वागत करते हैं.
उन्होंने कई चुनौतियों का जिक्र करते हुए कहा कि आतंकवाद और अलगाववाद के खिलाफ लड़ाई में भारत और इटली कंधे से कंधा मिला कर चल रहे हैं. हमने इस सहयोग को और मज़बूत करने पर विस्तारपूर्वक चर्चा की. 'मेक इन इंडिया' और 'आत्मनिर्भर भारत अभियान' हमारे देश में निवेश के नए रास्ते खोल रहे हैं. अक्षय ऊर्जा, हरित हाइड्रोजन, आईटी, दूरसंचार, अंतरिक्ष के क्षेत्रों पर हमारा विशेष ध्यान है.
पीएम मोदी ने बताया कि भारत और इटली के संबंधों की 75वीं वर्षगांठ मनाने के लिए हमने एक Action Plan बनाने का निर्णय लिया. इससे हम दोनों देशों की विविधता, इतिहास, science and technology, innovation, sports और अन्य क्षेत्रों में उपलब्धियों को वैश्विक पटल पर प्रदर्शन कर सकेंगे. यूक्रेन संघर्ष के शुरुआत से ही भारत ने यह स्पष्ट किया है कि इस विवाद को केवल डायलॉग और डिप्लोमेसी के ज़रिये ही सुलझाया जा सकता है. भारत किसी भी शांति प्रक्रिया में योगदान देने के लिए पूर्ण रूप से तैयार है.
उन्होंने आगे कहा कि आज हम भारत और इटली के बीच 'Startup Bridge' की स्थापना की घोषणा कर रहे हैं. हमारे आपसी सहयोग का एक अन्य महत्वपूर्ण क्षेत्र रक्षा है. हमने नियमित रूप से संयुक्त सैन्य अभ्यास और प्रशिक्षण पाठ्यक्रम आयोजित करने का भी निर्णय लिया है. हमारे पास भारत और इटली के बीच लोगों का संपर्क है. हम इसे और गहरा और मजबूत करने के लिए तत्पर हैं. हम दोनों देशों के बीच गतिशीलता और प्रवासन के लिए बातचीत कर रहे हैं. एक बार आपसी समझौता होने के बाद, यह कई क्षेत्रों, विशेषकर शिक्षा में आपसी सहयोग के नए युग की शुरूआत करेगा.