भोपाल, आगनबाड़ियों के लिए हाथठेला लेकर निकले मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने अब बिजली की बचत के लिए बड़े अभियान की शुरुआत के संकेत दिए हैं। उन्होंने इसके लिए लोगों को जागरूक करने पर जोर दिया। हालांकि राज्य सरकार बिजली की सब्सिडी के लिए 22 हजार 500 करोड़ रुपए दे रही है। सीएम का कहना है कियदि जनता जागरूक हो और बिजली बचाने में सहयोग करें तो लगभग पांच हजार करोड़ रुपये बचाए जा सकते हैं। इससे पर्यावरण सुधारने में भी मदद मिलेगी। लिहाजा प्रदेश में सघन रूप से ऊर्जा साक्षरता अभियान का संचालन आवश्यक है। लोगों को घरों कार्यालयों और कार्यस्थल पर बिजली बचाने के लिए लोगों को संवेदनशील बनाना होगा।

आज सुबह उन्होंने टीकमगढ़ जिले में प्रशासनिक कामकाज के लिए अफसरों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस की समीक्षा में पाया गया कि टीकमगढ़ में पानी और पलायन मुख्य समस्या है। बैठक में जिले के तमाम अफसरों के साथ चिकित्सा शिक्षा मंत्री तथा टीकमगढ़ के प्रभारी विश्वास सारंग वर्चुअली जुड़े। इस दौरान शिवराज ने एक जिला एक उत्पाद के अंतर्गत फूडीज नाम से Branding  किए जा रहे टीकमगढ़ के अदरक को मार्केटिंग राष्ट्रीय स्तर पर करने की आवश्यकता बताई। इसके लिए देश के प्रमुख उद्यमियों व उद्योगपतियों से संपर्क किया जाएगा।

आंगनबाड़ियों को गोद लें...

मुख्यमंत्री चौहान ने आंगनबाड़ी गोद लेने के अभियान को गति देने की जरूरत बताते हुए आज मीडिया से कहा कि कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में एक वैभवशाली, गौरवशाली, संपन्न समृद्ध और शक्तिशाली भारत के निर्माण का महायज्ञ चल रहा है। उसकी पूरी सफलता के लिए जरूरी है हमारे बच्चे पूर्णता स्वस्थ रहे। आंगनबाड़ी केवल सरकार की जवाबदारी नहीं है, यह समाज की भी जवाबदारी है।