मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में भारतीय सिंधू सभा एवं समस्त सिंधी समाज के तत्वावधान में 31 मार्च 2023 को भेल दशहरा मैदान में अमर शहीद हेमू कालानी जी के जन्मशताब्दी वर्ष का समापन समारोह आयोजित किया जा रहा है। इस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन जी भागवत एवं मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान शिरकत कर रहे है। समारोह में देश विदेश से भी लगभग एक लाख से भी अधिक सिंधी भाषी लोग राजधानी भोपाल पहुँच रहे है।

इस जन्मशताब्दी वर्ष समापन समारोह के संयोजक व भारतीय जनता पार्टी के संगठन महामंत्री भगवानदास ने कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी देते हुये बताया कि पूरे देश में रहने वाले सिंधी समाज के लिये यह गर्व की बात है कि जो 31 मार्च 2023 को परमपूजनीय राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन जी भागवत जी की उपस्थिति में भारतीय सिंधु सभा द्वारा अमर शहीद बलिदानी हेमू कालानी जी के जन्मशताब्दी वर्ष का समापन समारोह का आयोजन राजधानी भोपाल में होने जा रहा है। इस राष्ट्रीय स्तर के आयोजन की सभी तैयारियाँ पूर्ण की जा चुकी है।

इस समारोह में मध्य प्रदेश, उत्तरप्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, गुजरात, दिल्ली, छत्तीसगढ़ सहित दक्षिण भारत से लगभग एक लाख से भी अधिक संख्या में सिंधी समाज के लोग शामिल हो रहे है ।

इस समारोह में देश भर से सिन्धी समाज के संतजन को भी आशीर्वाद देने हेतु उपस्थित हो रहे है जिसमें सर्वप्रथम महामण्डलेश्वर स्वामी हंसराम उदासीन (भीलवाड़ा) अखिल भारत सिन्धु सन्त समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष साई खिम्यादास (सतना) महामंत्री साईं हँस दास जी (रीवा) शदाणी दरबार के गद्दीनशीन साईं युधिष्ठिर लाल (रायपुर) वसणशाह दरबार कल्याण से साईं कालीराम जी, साईं डॉ. सन्तोषदास (अमरावती) सन्त कंवरराम आश्रम के गद्दीनशीन साईं राजेश लाल (अमरावती) प्राचीन श्री झूलेलाल मन्दिर भरूच से ठकुर मनीषलाल, शिव शांति आश्रम लखनऊ से साई मोहनलाल जी प्रमुख हैं। इसके अलावा संत श्री युधिष्ठिर लाल जी की अगुवाई में सिंध पाकिस्तान से आया 325 लोगों का जत्था भी समारोह में शामिल हो रहा है।

सबनानी ने बताया कि इस समारोह में सिन्ध के स्वतंत्रता सेनानियों पर केंद्रित एक स्मारिका का विमोचन भी किया जाएगा, साथ ही कार्यक्रम स्थल भेल दशहरा मैदान में सिन्ध के गौरवशाली व समृद्ध इतिहास, स्वाधीनता की लड़ाई में सिन्ध के योगदान एवं सिंधी साहित्य पर एक प्रदर्शनी भी लगाई जायेंगी, जिससे सिंधी समाज की युवा पीढ़ी को इस गौरव का अनुभव हो सके, साथ ही हेमू कालाणी व उन जैसे अनेक वीर क्रांतिकारियों की जानकारी प्राप्त कर उनसे प्रेरणा ले सके।