PM Modi US Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने व्हाइट हाउस में अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन के साथ 2 घंटे से भी ज्यादा की द्विपक्षीय वार्ता की. इसके बाद दोनों नेताओं ने साझा प्रेस कांफ्रेंस कर भारत-अमेरिका के संबंधों पर चर्चा की. इस दौरान पीएम मोदी बोले, आज का दिन भारत और अमेरिका के संबंधों के इतिहास में एक विशेष महत्व रखता है. आज की हमारी चर्चा और हमारे द्वारा लिए गए महत्वपूर्ण निर्णयों से हमारी Comprehensive ग्लोबल स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप में एक नया अध्याय जुड़ा है. एक नई दिशा और एक नई ऊर्जा मिली है.
उन्होंने आगे कहा, व्यापार और निवेश में अमेरिका-भारत साझेदारी न केवल दोनों देशों के लिए बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए भी महत्वपूर्ण है. आज अमेरिका भारत का सबसे बड़ा व्यापार भागीदार है. हमने व्यापार से संबंधित लंबित मुद्दों को खत्म करने और एक नई शुरुआत करने का फैसला किया है. हम दोनों इस बात पर सहमत हैं कि हमारी रणनीतिक प्रौद्योगिकी साझेदारी को पूरा करने के लिए सरकारों, व्यवसायों और शैक्षणिक संस्थानों को एक साथ आना चाहिए.
पीएम मोदी बोले, भारत-अमेरिका का व्यापार और निवेश साझेदारी, दोनों देशों के लिए ही नहीं, बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए भी महत्वपूर्ण है. आज अमेरिका, भारत का सबसे बड़ा ट्रेड पार्टनर है. हम दोनों सहमत हैं कि हमारी स्ट्रैटेजिक टेक्नोलॉजी पार्टनरशिप को सार्थक करने में गवर्नेंस, बिजनेसेस और एकेडमिक इंस्ट्यूशन का साथ आना बहुत महत्वपूर्ण है. हमने यह भी तय किया है कि वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच विश्वसनीय साझेदारों की तरह अमेरिका और भारत एक विश्वसनीय, सुरक्षित, लचीली वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला और मूल्य श्रृंखला तैयार करेंगे.
उन्होंने आगे कहा, व्हाइट हाउस में इतनी बड़ी संख्या में भारतीय लोगों की उपस्थिति इस बात का प्रमाण है कि इंडियन-अमेरिकन हमारे संबंधों की असली ताकत हैं. इन संबंधों को और गहरा करने के लिए हम अमेरिका द्वारा बेंगलुरू और अहमदाबाद में consulates खोलने के निर्णय का स्वागत करते हैं. प्रौद्योगिकी हस्तांतरण के माध्यम से जनरल इलेक्ट्रिक्स द्वारा इंजन बनाने का निर्णय एक ऐतिहासिक समझौता है. इससे दोनों देशों में नौकरियों के नए अवसर खुलेंगे. यह भविष्य में हमारी रक्षा साझेदारी को एक नया आयाम देगा.
पीएम मोदी ने बताया कि इंडो-पैसेफिक में शांति और सुरक्षा यह हमारी साझा प्राथमिकता है. हम एकमत हैं कि इस क्षेत्र का विकास और सफलता पूरे विश्व के लिए महत्वपूर्ण है. आतंकवाद और कट्टरवाद के खिलाफ लड़ाई में भारत और अमेरिका कंधे से कंधा मिलाकर चल रहे हैं. हम सहमत हैं कि क्रॉस बॉर्डर टेररिज्म को समाप्त करने के लिए ठोस कार्रवाई आवश्यक है.
उन्होंने आगे कहा, भारत और अमेरिका के बीच साझेदारी के लिए आकाश भी सीमा नहीं है. हमारे संबंधों का सबसे महत्वपूर्ण स्तंभ हमारे लोगों से लोगों के बीच संबंध हैं. भारतीय मूल के 40 लाख से ज्यादा लोग अमेरिका के विकास में योगदान दे रहे हैं. कोविड महामारी और यूक्रेन संघर्ष से ग्लोबल साऊथ के देश विशेष रूप से पीड़ित हुए हैं.
पीएम मोदी ने बताया कि हमारा मत है कि इन समस्याओं के समाधान के लिए सभी देशों का एकजुट होना अनिवार्य है. हम शांति की बहाली के लिए हरसंभव योगदान देने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं. दुनिया के दो सबसे बड़े लोकतंत्र, भारत और अमेरिका, वैश्विक शांति, स्थिरता और समृद्धि में योगदान दे सकते हैं. मुझे विश्वास है कि इन मूल्यों के आधार पर हम विश्व की आकांक्षाओं को पूरा कर सकते हैं.