उज्जैन के विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर के पुजारी प्रदीप गुरु पर गंभीर आरोप लगे हैं. उनपर सीएम से नजदीकियों का जिक्र करते हुए धमकी देने के आरोप लगाए गए हैं. इस संबंध में सीएम को शिकायती पत्र लिखा गया था जोकि वायरल हो गया है. इस पत्र में सीएम से शिकायत की गई कि आपसे नजदीकी संबंधों का हवाला देकर पंडित प्रदीप शिव लिंग के क्षरण को रोकने के प्रयास को अनदेखा कर रहे हैं. इस तरह वे सुप्रीम कोर्ट के आदेश की अवहेलना कर रहे हैं. जब उन्हें रोका जाता है तो वे सीएम का नाम लेकर पंडितों को धमकाते हैं. प्रदीप पुजारी द्वारा सीएम के नाम का दुरुपयोग कर मंदिर में भय का माहौल बनाने की बात भी लिखी गई है।

महाकाल मंदिर के पुजारियों का विवाद अब सीएम हाउस पहुंच गया है. इससे मंदिर की छवि भी धूमिल हो रही है। वरिष्ठ पुजारी महेश गुरु और प्रदीप गुरु के बीच दो बार विवाद हो चुका है. महाकाल मंदिर समिति ने भी इस पर सज्ञान लिया है। विवाद बढ़ता देख अब वरिष्ठ पुजारी महेश गुरु ने सीएम हाउस को शिकायती पत्र भेज दिया है। यह पत्र वायरल हो गया जिसके बाद मंदिर में हड़कंप मचा हुआ है। 

महेश गुरु ने पत्र में सीएम से नजदीकियों का हवाला देकर प्रदीप गुरु द्वारा मंदिर की छवि धूमिल करने का आरोप लगाया है. इसी के साथ महाकाल मंदिर के पंडित पुरोहितों पर दबाव बनाने का आरोप भी लगाया है। अखिल विश्व पुजारी महासंघ की और से सीएम को यह पत्र लिखा गया है.  पत्र में प्रदीप गुरु पर आरोप लगाया गया है​ कि वे पंडितों पर दबाव बनाकर अनावश्यक परेशान करते हैं. पूजा में भी व्यवधान उत्पन्न करते हैं. इससे मंदिर की छवि खराब हो रही है।

लगाए ये आरोप
— प्रदीप गुरु नियम विरुद्ध पूजा सामग्री अबीर गुलाल कंकू और पंचामृत अधिक मात्रा में शिवलिंग पर चढ़ाते हैं
—  अपने यजमानों को गर्भगृह में 15 मिनट तक रोककर पूजन अर्चन कराते हैं
—  किसी अन्य पुजारी पुरोहित और श्रद्धालुओं को गर्भगृह में प्रवेश करने से रोकते हैं
—  शिवरात्रि पर भस्म आरती के दौरान करीब 765 लीटर रस शिवलिंग पर चढ़ाया गया जोकि सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की अवहेलना है।
— शिवलिंग पर श्रृंगार में 3 किलो भांग लगाने का निर्णय लिया गया है लेकिन प्रदीप पुजारी नियम विरुद्ध 5 से 10 किलो तक भांग चढ़ा रहे हैं।

इधर पंडित प्रदीप गुरु ने इन आरोपों पर कहा कि मैंने कभी भी सीएम के नाम का दुरुपयोग नहीं किया। 3 जून को मुझे पंचामृत पूजन करने से रोका। मैं जनेऊधारी पुजारी हूं और मुझे पूजा करने से कोई नहीं रोक सकता। मेरी छवि धूमिल करने के लिए ऐसी गलत शिकायत की जा रही है।